
जयपुर के ताज आमेर होटल में 5 दिसंबर को कथावाचक इंद्रेश उपाध्याय और हरियाणा की शिप्रा शर्मा ने सात जन्मों का वचन लिया. सुबह वैदिक मंत्रों के बीच पारंपरिक विवाह और रात में भव्य आशीर्वाद समारोह—पूरे आयोजन में रॉयल भव्यता और आध्यात्मिक माहौल नजर आया.

शिप्रा ने गहरे लाल रंग का हैवी एम्ब्रॉयडर्ड लहंगा चुना, जिस पर गोल्डन जरी, बूटी वर्क और सीक्विन की चमक उन्हें ट्रेडिशनल राजस्थानी टच दे रही थी. दुपट्टे पर किया गया गोल्ड बॉर्डर और बारीक हैंडवर्क उनके लुक की शान बना.

माथे पर भारी माथापट्टी, पन्ना-चांदी से बनी जूलरी, नथ और झुमके… हर जूलरी पीस ने उनके लुक में रानी-सा ग्रेस जोड़ा. लाल–गोल्डन ब्राइडल लहंगे के साथ ग्रीन चूड़ियों का कॉन्ट्रास्ट लुक को और भी खूबसूरत बना रहा था.

शिप्रा ने नैचुरल टोन बेस, हल्का ब्लश और क्लासिक रेड लिपस्टिक के साथ एक एलिगेंट और रॉयल मेकअप लुक अपनाया. बिना ओवरड्रामा के यह लुक उनके ब्राइडल अटायर को पूरी तरह कॉम्प्लीमेंट कर रहा था.

इंद्रेश उपाध्याय बग्गी पर सवार होकर वेडिंग वेन्यू पहुंचे. जयमाला के दौरान उन्होंने क्रीम-गोल्ड शेड की शेरवानी पहनी, जिस पर थ्रेड वर्क और जरी की कारीगरी उनकी शख्सियत को शाही अंदाज दे रही थी.

उनके लुक का मुख्य आकर्षण रहा ट्रेडिशनल राजस्थानी साफा, जिसे पंख, मोतियों और कढ़ाई से सजाया गया था. गले में मोतियों-पन्ना का हार और कंधे पर एम्ब्रॉयडर्ड स्टोल उनके पूरे लुक को रॉयल और फेस्टिव बना रहे थे.

दिन में हुए फेरे पारंपरिक रीति-रिवाजों के अनुसार सम्पन्न हुए. इंद्रेश ने अग्नि को साक्षी मानकर शिप्रा की मांग में सिंदूर भरा और मंगलसूत्र पहनाया. खासतौर पर सजाया गया मंडप शादी की दिव्यता को और बढ़ा रहा था.

फेरों के वक्त शिप्रा ने ग्रीन-येलो साड़ी/लहंगा पहना, जिस पर घूंघट के लाल दुपट्टे को गोल्डन डॉट वर्क से सजाया गया था. वहीं इंद्रेश ने पीच-गोल्ड शेरवानी के साथ हल्के सीक्विन और ट्रेडिशनल वर्क से सजा अटायर पहना.