Auli Snowfall: उत्तराखंड का विंटर डेस्टिनेशन और दुनियाभर के पर्यटकों की पसंदीदा जगह औली, इस दिसंबर के आखिर तक भी अपनी बर्फीली छटा दिखाने में विफल रही है. दिसंबर के तीन हफ्ते बीत जाने के बावजूद, औली की ढलानें अभी भी सूखी हैं और पर्यटकों को बर्फबारी का आनंद लेने का मौका नहीं मिल रहा है. नए साल और क्रिसमस के मौसम में पर्यटकों की भीड़ आम तौर पर इस समय औली में देखने को मिलती है, लेकिन इस साल मौसम ने पर्यटन व्यवसायियों की उम्मीदों के अनुरूप साथ नहीं दिया.
होटल और पर्यटन व्यवसाय पर असर
औली के पर्यटन उद्योग में इस साल बर्फबारी की कमी ने चिंता बढ़ा दी है. स्थानीय होटल एसोसिएशन के अध्यक्ष अंती प्रकाश शाह के अनुसार, दिसंबर के मध्य तक औली के लगभग 70 प्रतिशत होटल बुक थे, लेकिन बर्फबारी ना होने के कारण अब कई बुकिंग कैंसिल हो रही हैं. उन्होंने बताया कि बर्फ की कमी के चलते पर्यटक अपनी यात्रा रद्द कर रहे हैं, जिससे स्थानीय पर्यटन उद्योग प्रभावित हो रहा है.
स्नो मेकिंग मशीन बनी बेकार
औली में कई साल पहले आर्टिफिशियल स्नो मेकिंग मशीनें लगाई गई थीं ताकि प्राकृतिक बर्फबारी न होने की स्थिति में पर्यटकों को बर्फीले अनुभव का विकल्प मिल सके. लेकिन पिछले कुछ वर्षों से ये मशीनें अधिकांश समय निष्क्रिय पड़ी हैं. अंती प्रकाश शाह का कहना है कि या तो इन मशीनों का उपयोग करना चाहिए या उन्हें हटाया जाना चाहिए, क्योंकि वर्तमान में ये केवल खाली जगह घेर कर फिजूल खर्च साबित हो रही हैं.
विंटर गेम्स के लिए तैयारियां
औली अपने बर्फीले खेलों और विंटर गेम्स के आयोजन के लिए भी मशहूर है. विंटर गेम्स संगठन उत्तराखंड के महासचिव राकेश रंजन भिलंगवाल का कहना है कि इस साल भी विंटर गेम्स का आयोजन करने की योजना है. उन्होंने बताया कि औली में विंटर गेम्स का आयोजन पिछले 35 वर्षों से किया जा रहा है. हालांकि, इसके लिए पर्याप्त बर्फबारी जरूरी है. मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार, दिसंबर के बाद जनवरी और फरवरी में औली में अच्छी बर्फबारी होने की संभावना रहती है, और तभी विंटर गेम्स का आयोजन करना सही रहेगा.
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