वाशिंगटन/तेहरान: ईरान में जारी हिंसक विरोध प्रदर्शनों के बीच अमेरिका ने एक बार फिर से तेहरान के खिलाफ सख्त आर्थिक प्रतिबंधों की घोषणा की है. अमेरिकी ट्रेजरी विभाग के अनुसार, यह कदम ईरानी अधिकारियों के खिलाफ उठाया गया है जो प्रदर्शनकारियों पर अत्याचार कर रहे थे और जिनके खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग और अन्य आर्थिक अपराधों के आरोप हैं. इसके अलावा, अमेरिका ने ईरान की शिपिंग, ट्रेडिंग और एनर्जी कंपनियों पर भी नए प्रतिबंध लागू किए हैं.
ईरानी अधिकारियों की कड़ी कार्रवाई
अमेरिकी ट्रेजरी विभाग ने 18 प्रमुख ईरानी अधिकारियों पर प्रतिबंध लगाए हैं. इन अधिकारियों पर आरोप है कि उन्होंने देशव्यापी विरोध प्रदर्शनों को क्रूरता से दबाया और हिंसा का सहारा लिया. साथ ही, इन अधिकारियों पर यह भी आरोप है कि उन्होंने ईरान की तेल और पेट्रोकेमिकल से होने वाली अरबों डॉलर की कमाई का गलत इस्तेमाल किया और उसे चोरी-छिपे विदेशों में भेजने के लिए मनी लॉन्ड्रिंग में शामिल थे. अमेरिकी ट्रेजरी सचिव, स्कॉट बेसेंट ने कहा कि यह कदम राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के निर्देश पर उठाया गया और उन्होंने ईरान के नागरिकों के समर्थन में खड़ा होने की प्रतिबद्धता जताई.
ट्रंप प्रशासन की स्पष्ट चेतावनी
अमेरिका के वित्त मंत्री, स्कॉट बेसेंट ने ईरानी नेताओं के खिलाफ सख्त बयान दिया. उन्होंने कहा, "ईरानी नेता अब भी डूबते जहाज पर चूहों की तरह अपने लोगों से पैसे चुराकर दुनिया के बैंक और वित्तीय संस्थानों में भेज रहे हैं." उन्होंने यह भी चेतावनी दी कि अमेरिका इस पूरी स्थिति पर नजर रखे हुए है और ईरानी नेताओं को हिंसा बंद करने के लिए कहा. बेसेंट ने यह भी कहा कि अगर ईरानी नेता अपना रवैया बदलते हैं, तो अमेरिका तैयार है.
सुप्रीम काउंसिल फॉर नेशनल सिक्योरिटी के सचिव भी निशाने पर
अमेरिका ने ईरान की सुप्रीम काउंसिल फॉर नेशनल सिक्योरिटी के सचिव, अली लारीजानी को भी इन प्रतिबंधों में शामिल किया है. लारीजानी पर आरोप है कि उन्होंने विरोध प्रदर्शनकारियों के खिलाफ दमनकारी कार्रवाई का आदेश दिया. इस प्रतिबंध के तहत अमेरिका में मौजूद ईरान से जुड़े व्यक्तियों और संस्थाओं की संपत्ति को फ्रीज़ कर दिया गया है, और अमेरिकी नागरिकों को इनसे किसी भी प्रकार का व्यापार करने से रोका गया है.
फरदिस जेल पर भी प्रतिबंध
अमेरिका ने फरदिस जेल पर भी प्रतिबंध लगाए हैं. इस जेल में महिलाओं के खिलाफ क्रूर और अमानवीय व्यवहार की रिपोर्ट्स सामने आई हैं. अमेरिका के विदेश विभाग ने इस जेल को उन स्थानों में शामिल किया है, जहां ईरानी नागरिकों को अपमानजनक और हिंसक व्यवहार का सामना करना पड़ा था.
अमेरिका का ईरान पर बढ़ता जा रहा दबाव
यह प्रतिबंध अमेरिकी प्रशासन की ओर से ईरान पर बढ़ते दबाव का हिस्सा हैं. अमेरिका ने बार-बार ईरान से हिंसा को रोकने और लोकतांत्रिक प्रक्रिया को सम्मान देने की अपील की है. ईरान में चल रहे विरोध प्रदर्शनों के बीच अमेरिका की यह कार्रवाई, दोनों देशों के बीच चल रहे तनाव को और बढ़ा सकती है.
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